पुलिस रही बेबस, पांचाल घाट गंगा पुल पर घंटों रेंगते रहे वाहन सोमवती अमावस्या पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ से यातायात व्यवस्था ध्वस्त, हाईवे पर कई किलोमीटर लंबा जाम |

By
Manoj Jauhri
Manoj Jauhri ब्यूरो चीफ (फर्रुखाबाद) - एक अनुभवी पत्रकार हैं, जो राजनीति, अपराध, शिक्षा, मनोरंजन और स्थानीय समाचारों पर पोस्ट करते हैं। वे तथ्यों पर आधारित...
3 Min Read

फर्रुखाबाद/

सोमवती अमावस्या के पावन अवसर पर गंगा स्नान के लिए पांचाल घाट पहुंचे लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ के आगे यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। पांचाल घाट गंगा पुल और उसके आसपास के क्षेत्रों में सोमवार सुबह से ही भीषण जाम की स्थिति बनी रही। हालात ऐसे रहे कि वाहन घंटों तक रेंगते रहे और लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। जाम के कारण शाहजहांपुर, बरेली, हरदोई और अन्य जनपदों को जोड़ने वाला प्रमुख मार्ग भी प्रभावित रहा।

सुबह करीब नौ बजे से शुरू हुआ जाम दिन चढ़ने के साथ और विकराल होता गया। पांचाल घाट चौराहे से लेकर गंगा पुल के दूसरी ओर तक वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। गंगा स्नान के लिए दूर-दराज के जिलों से श्रद्धालु निजी वाहनों, ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और बसों के माध्यम से पहुंचे थे, जिससे यातायात का दबाव अचानक कई गुना बढ़ गया।

इटावा-बरेली नेशनल हाईवे-730सी पर भगुआ नागला से लेकर वन चेतना केंद्र के आगे तक वाहनों की लंबी लाइनें देखने को मिलीं। जाम में रोडवेज बसें, निजी बसें, कारें, ट्रैक्टर-ट्रॉलियां और अन्य वाहन घंटों तक फंसे रहे। यात्रियों को भीषण गर्मी और उमस के बीच भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

स्थानीय लोगों का कहना है कि अव्यवस्थित यातायात और अवैध पार्किंग ने स्थिति को और गंभीर बना दिया। पुल के आसपास सड़क किनारे खड़े चार पहिया वाहनों के कारण सड़क संकरी हो गई, जबकि रोडवेज बसें भी पुल के निकट ही सवारियां उतारने और चढ़ाने में लगी रहीं। इससे यातायात का प्रवाह पूरी तरह बाधित हो गया और जाम लगातार बढ़ता चला गया।

लोगों का आरोप है कि पर्व के मद्देनजर पर्याप्त ट्रैफिक प्रबंधन नहीं किया गया। भीड़ के अनुमान के बावजूद पार्किंग और यातायात नियंत्रण की प्रभावी व्यवस्था न होने से श्रद्धालुओं और आम यात्रियों को घंटों परेशान होना पड़ा। कई वाहन चालक और यात्री प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर नाराज नजर आए।

उधर, जाम खुलवाने के लिए यातायात पुलिस और स्थानीय पुलिसकर्मी लगातार प्रयास करते रहे। यातायात निरीक्षक (टीआई) एवं यातायात उपनिरीक्षक (टीएसआई) स्वयं मौके पर डटे रहे और वाहनों को धीरे-धीरे निकालने का प्रयास करते रहे। हालांकि श्रद्धालुओं की लगातार बढ़ती भीड़ और वाहनों के अत्यधिक दबाव के कारण जाम पूरी तरह समाप्त नहीं हो सका।

सोमवती अमावस्या के अवसर पर पांचाल घाट पर आस्था का सैलाब तो उमड़ा, लेकिन यातायात व्यवस्था की बदहाली ने श्रद्धालुओं की यात्रा को कष्टदायक बना दिया। लोगों ने भविष्य में ऐसे बड़े आयोजनों के दौरान बेहतर ट्रैफिक प्लान और पार्किंग व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि श्रद्धालुओं को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।

Subscribe Newsletter

Loading
Share This Article
Manoj Jauhri ब्यूरो चीफ (फर्रुखाबाद) - एक अनुभवी पत्रकार हैं, जो राजनीति, अपराध, शिक्षा, मनोरंजन और स्थानीय समाचारों पर पोस्ट करते हैं। वे तथ्यों पर आधारित और विश्वसनीय समाचार सामग्री तैयार करने में विशेषज्ञता रखते हैं।
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *