पथरी के ऑपरेशन में चिकित्सकों की लापरवाही से सहायक अध्यापक की मौत, परिजनों में मचा कोहराम
एटा । जनपद के बागवाला थाना क्षेत्र के नगला मई गांव में 55 वर्षीय सहायक अध्यापक की मौत के बाद परिजनों में शोक की लहर दौड़ गई है। यह दुखद घटना चिकित्सकों की लापरवाही के कारण हुई बताई जा रही है। मृतक शिक्षक के परिजनों ने ऑपरेशन के दौरान हुई लापरवाही के लिए अस्पताल के डॉक्टरों को जिम्मेदार ठहराया है और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
जानकारी के अनुसार, जसवीर सिंह (55), जो कि नगला मई गांव के निवासी और उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में सहायक अध्यापक थे, को पथरी की समस्या थी। इलाज के लिए उन्होंने एटा के बीपीएस अस्पताल में संपर्क किया, जहां डॉक्टरों की टीम ने उनका ऑपरेशन किया। ऑपरेशन के बाद मरीज में अत्यधिक रक्तस्राव (ब्लीडिंग) शुरू हो गया। डॉक्टरों ने स्थिति को संभालने में असमर्थता जताई और उन्हें उच्च चिकित्सा सुविधा के लिए रेफर कर दिया।
उच्च सेंटर पर जाते समय रास्ते में ही जसवीर सिंह की मृत्यु हो गई। उनके परिवार ने इस घटना को लेकर अस्पताल के डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया है। मृतक के भाई यदुवीर सिंह ने बताया कि बुधवार को उनके भाई का ऑपरेशन किया गया था, लेकिन डॉक्टरों की गलती के कारण ऑपरेशन के बाद ब्लीडिंग रोकने में असमर्थता दिखी, जिसके कारण उन्हें रेफर करना पड़ा। इस दौरान उनके भाई की जान चली गई।
मृतक शिक्षक के परिवार में उनकी पत्नी, दो बेटियाँ और एक जवान बेटा है, जो अब इस दुखद घटना के बाद गहरे शोक में हैं। परिजनों ने आरोप लगाया कि चिकित्सकों की लापरवाही के कारण उनकी जान गई और उन्होंने अस्पताल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा प्रक्रिया पूरी की। शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया गया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है, और इस मामले में न्याय की उम्मीद में परिवार ने सख्त कार्रवाई की मांग की है।
परिजनों का आरोप है कि यदि ऑपरेशन के दौरान डॉक्टरों द्वारा सही देखभाल की जाती और रक्तस्राव को समय रहते रोका जाता, तो शायद यह दुर्घटना नहीं होती। अब वे चाहते हैं कि दोषी चिकित्सकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
पुलिस प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। परिजनों का कहना है कि उन्हें न्याय दिलाने के लिए पुलिस को हरसंभव कदम उठाना चाहिए।
