गंगा एक्सप्रेस-वे के किनारे उपजाऊ कृषि भूमि अधिग्रहण पर रोक लगाने की मांग

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गंगा एक्सप्रेस-वे के किनारे उपजाऊ कृषि भूमि अधिग्रहण पर रोक लगाने की मांग

मो० शाहनावाज़

संभल :15 जून। ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन (AIKKMS) की जिला कमेटी, संभल ने गंगा एक्सप्रेस-वे के किनारे प्रस्तावित औद्योगिक क्षेत्र के लिए उपजाऊ कृषि भूमि के अधिग्रहण की प्रक्रिया पर तत्काल रोक लगाने की मांग करते हुए उत्तर प्रदेश के मा0 मुख्यमंत्री को जिलाधिकारी संभल के माध्यम से ज्ञापन सौंपा ज्ञापन में संगठन ने कहा कि अधिग्रहण के लिए चिन्हित भूमि अत्यंत उपजाऊ बहुफसली कृषि भूमि है जहां वर्ष में तीन से अधिक फसलें उगाई जाती हैं। इस भूमि पर हजारों किसान परिवारों के साथ-साथ बड़ी संख्या में खेतिहर मजदूर एवं ग्रामीण परिवार अपनी आजीविका के लिए निर्भर हैं। किसानों का कहना है कि कृषि भूमि का अधिग्रहण क्षेत्र की अर्थव्यवस्था रोजगार और खाद्य सुरक्षा पर प्रतिकूल प्रभाव डालेगा संगठन ने कहा कि कृषि केवल खाद्यान्न उत्पादन का माध्यम नहीं, बल्कि चीनी एथेनॉल खाद्य तेल औषधि एवं अन्य अनेक उद्योगों के लिए कच्चा माल उपलब्ध कराने वाला देश का सबसे बड़ा आधारभूत क्षेत्र है। ऐसे में उपजाऊ कृषि भूमि को उद्योगों के लिए अधिग्रहित करना किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था के हित में नहीं है।

ज्ञापन में यह भी कहा गया कि भूमि अधिग्रहण के बाद प्रभावित परिवारों को आर्थिक एवं सामाजिक संकटों का सामना करना पड़ता है तथा अधिकांश मामलों में उनका समुचित पुनर्वास नहीं हो पाता। संगठन ने मांग की कि नए उद्योगों की स्थापना के लिए पहले से अधिग्रहित लेकिन खाली पड़ी भूमि तथा बंद पड़े उद्योगों की भूमि का उपयोग किया जाए किसानों ने कृषि क्षेत्र से जुड़ी अन्य समस्याओं को भी उठाया उन्होंने कहा कि किसानों को आवश्यकता के अनुरूप यूरिया डीएपी एनपीके सहित अन्य उर्वरक उपलब्ध नहीं हो रहे हैं जिससे उत्पादन प्रभावित होने की आशंका है। वहीं डीजल बीज, कीटनाशक एवं कृषि यंत्रों की बढ़ती कीमतों से खेती की लागत लगातार बढ़ रही है।

ज्ञापन में सभी फसलों की खरीद स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों के अनुरूप सी-2 लागत पर 50 प्रतिशत लाभ जोड़कर सुनिश्चित करने तथा न्यूनतम समर्थन मूल्य एमएसपी को कानूनी गारंटी देने की मांग की गई। किसानों ने विशेष रूप से मक्का की सरकारी एमएसपी पर प्रभावी खरीद व्यवस्था लागू करने पर जोर दिया संगठन ने क्षेत्र में सिंचाई परियोजनाओं के तहत खोदी जा रही नहरों से बाधित हो रहे रास्तों और चकरोडों का मुद्दा भी उठाया किसानों ने विभिन्न गांवों को जोड़ने वाले मार्गों पर पक्के पुल अथवा पर्याप्त क्षमता वाले पाइप डलवाकर आवागमन सुचारु करने की मांग की। साथ ही महमूदपुर कुंज-महराना एवं लखौरी-भदरौला मार्ग सहित अन्य संपर्क मार्गों पर बने पुलों की एप्रोच रोड का निर्माण शीघ्र कराने की भी मांग की गई।

उल्लेखनीय है कि इन मुद्दों को लेकर 8 जून 2026 को ग्राम कसेरुवा में किसान महापंचायत आयोजित की गई थी जिसमें किसानों ने सर्वसम्मति से आंदोलन को तेज करने तथा सरकार से उपरोक्त मांगों पर तत्काल कार्रवाई की मांग करने का निर्णय लिया था ज्ञापन सौंपने वालों में जिला अध्यक्ष रामपाल सिंह जिला सचिव संजय राघव विजयपाल सिंह दिनेश गिरी लायक सिंह आशीष राघव नवकेश चाहल अमर सिंह उदयवीर सिंह अंकित चाहल गजराज सिंह कीरत सिंह मानकचंद सहित संगठन के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

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