मुख्य बिंदु:
- राहत: कालिंदी एक्सप्रेस के बंद होने की खबरों को सांसद ने बताया कोरी अफवाह।
- जीवनरेखा: सांसद ने ट्रेन को फर्रुखाबाद और दिल्ली को जोड़ने वाली अहम कड़ी बताया।
- आश्वासन: भविष्य में तकनीकी कारणों से समस्या आने पर भी की जाएगी वैकल्पिक व्यवस्था।
- नाराजगी: अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल, 2014 से पहले के कोहरे के दिनों को किया याद।
फर्रुखाबाद।
कालिंदी एक्सप्रेस के संचालन को लेकर पिछले कुछ दिनों से चल रही चर्चाओं और बंद होने की आशंकाओं के बीच फर्रुखाबाद के सांसद मुकेश राजपूत ने बड़ा बयान देकर यात्रियों को बड़ी राहत दी है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि कालिंदी एक्सप्रेस फर्रुखाबाद की जनता की जीवनरेखा है और इसके संचालन पर किसी भी प्रकार का संकट नहीं आने दिया जाएगा। सांसद ने जनता को भरोसा दिलाते हुए कहा, जब तक मैं सांसद हूं, तब तक इस ट्रेन को बंद नहीं होने दिया जाएगा।

सांसद ने कहा कि कुछ माध्यमों से कालिंदी एक्सप्रेस के बंद होने अथवा इसके संचालन में बाधा आने की खबरें प्रसारित की जा रही हैं, जिससे यात्रियों में भ्रम की स्थिति पैदा हो रही है। उन्होंने ऐसी सभी खबरों को अफवाह बताते हुए जनता से उन पर ध्यान न देने की अपील की। उनका कहना था कि रेलवे से जुड़े किसी भी महत्वपूर्ण निर्णय की जानकारी आधिकारिक रूप से ही दी जाएगी और बिना पुष्टि के किसी भी सूचना पर विश्वास नहीं करना चाहिए।
दिल्ली से जोड़ने वाली अहम कड़ी
सांसद मुकेश राजपूत ने कहा कि कालिंदी एक्सप्रेस केवल एक रेलगाड़ी नहीं, बल्कि फर्रुखाबाद और आसपास के जिलों के हजारों लोगों की दैनिक जरूरतों से जुड़ी हुई है। यह ट्रेन जिले को देश की राजधानी दिल्ली से जोड़ने वाली महत्वपूर्ण रेल सेवा है, जिसका लाभ विद्यार्थी, नौकरीपेशा लोग, व्यापारी, मरीज तथा अन्य यात्री प्रतिदिन उठाते हैं। उन्होंने कहा कि यदि इस ट्रेन के संचालन में किसी प्रकार की रुकावट आती है, तो उसका सीधा असर आम जनता और स्थानीय अर्थव्यवस्था पर पड़ता है।
फर्रुखाबाद जैसे जनपद के लिए दिल्ली तक सीधी रेल सुविधा अत्यंत महत्वपूर्ण है और कालिंदी एक्सप्रेस इस आवश्यकता को लंबे समय से पूरा कर रही है। यही कारण है कि जनता की सुविधा को देखते हुए इसके संचालन को हर हाल में जारी रखा जाएगा। — मुकेश राजपूत, सांसद (फर्रुखाबाद)
आवश्यकता पड़ने पर होगी वैकल्पिक व्यवस्था
सांसद ने कहा कि भविष्य में यदि किसी तकनीकी कारण, रेल लाइन के रखरखाव या अन्य प्रशासनिक आवश्यकता के चलते कोई समस्या उत्पन्न होती है, तो यात्रियों की सुविधा के लिए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। लेकिन ऐसी किसी भी स्थिति में ट्रेन सेवा को स्थायी या लंबे समय के लिए बंद नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि उनकी प्राथमिकता क्षेत्र की जनता को बेहतर रेल सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर जताई नाराजगी
इस दौरान सांसद ने कुछ अधिकारियों की कार्यशैली पर भी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि कुछ अधिकारी इस ट्रेन और इस रेलमार्ग के महत्व को सही ढंग से नहीं समझ पा रहे हैं। उन्होंने याद दिलाया कि वर्ष 2014 से पहले सर्दियों में घने कोहरे का हवाला देकर कालिंदी एक्सप्रेस का संचालन कई-कई महीनों तक प्रभावित रहता था, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था।
सांसद ने कहा कि वर्ष 2014 में सांसद बनने के बाद उन्होंने लगातार रेलवे अधिकारियों से संपर्क कर इस समस्या को प्रमुखता से उठाया और प्रयासों के परिणामस्वरूप ट्रेन का नियमित संचालन सुनिश्चित कराया गया। उन्होंने कहा कि जनता की सुविधा के लिए आगे भी इसी तरह संघर्ष जारी रहेगा।
यात्रियों में खुशी, बढ़ा भरोसा
सांसद के इस कड़े और स्पष्ट बयान के बाद कालिंदी एक्सप्रेस से नियमित यात्रा करने वाले यात्रियों और व्यापारिक वर्ग में राहत का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ट्रेन के संचालन को लेकर चल रही अनिश्चितता समाप्त होने से अब उन्हें भविष्य की चिंता नहीं रहेगी।
अंत में सांसद मुकेश राजपूत ने क्षेत्रवासियों से अफवाहों से बचने और किसी भी सूचना के लिए केवल आधिकारिक स्रोतों पर ही भरोसा करने की अपील की है।
