फर्रुखाबाद।
जिला अस्पताल डॉ. राममनोहर लोहिया में उस समय हड़कंप मच गया, जब मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. अवनींद्र कुमार अचानक औचक निरीक्षण करने पहुंच गए। निरीक्षण के दौरान अस्पताल की व्यवस्थाओं की पोल खुल गई और चार डॉक्टर ड्यूटी से गायब मिले। मामले को गंभीरता से लेते हुए सीएमओ ने संबंधित चिकित्सकों को जमकर फटकार लगाई और भविष्य में लापरवाही दोहराने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी।
सीएमओ सबसे पहले पोषण पुनर्वास केंद्र (NRC) वार्ड पहुंचे। यहां निरीक्षण के दौरान बच्चों का प्लेइंग रूम बंद मिला। जब उन्होंने ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों से कमरे की चाबी के बारे में पूछा तो स्टाफ ने बताया कि चाबी डॉक्टर अपने साथ ले गए हैं। यह सुनते ही सीएमओ नाराज हो गए और इसे गंभीर लापरवाही करार दिया।
इसके बाद सीएमओ ने अस्पताल के विभिन्न वार्डों का निरीक्षण किया और सीधे सीएमएस कार्यालय पहुंचकर डॉक्टरों की उपस्थिति पंजिका की जांच की। रजिस्टर देखने पर खुलासा हुआ कि एनआरसी वार्ड प्रभारी सहित कुल चार चिकित्सक अपनी ड्यूटी से अनुपस्थित थे।
इसी दौरान जब डॉ. विवेक सक्सेना सीएमएस कार्यालय पहुंचे तो सीएमओ ने समय से ड्यूटी पर न पहुंचने को लेकर सार्वजनिक रूप से उनकी क्लास लगा दी। निरीक्षण के दौरान मौजूद अस्पताल स्टाफ में भी हड़कंप की स्थिति बनी रही।
सीएमओ ने इमरजेंसी वार्ड का भी निरीक्षण किया और भर्ती मरीजों से बातचीत कर उन्हें मिल रही स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली। मरीजों से इलाज और दवाओं को लेकर फीडबैक लिया गया। हालांकि अस्पताल परिसर की साफ-सफाई व्यवस्था संतोषजनक पाई गई, जिस पर सीएमओ ने सफाई कर्मचारियों की सराहना भी की।
गौरतलब है कि यह पहला मौका नहीं है जब लोहिया अस्पताल में डॉक्टर ड्यूटी से गायब मिले हों। इससे पहले भी सीएमओ द्वारा किए गए निरीक्षण में कई चिकित्सक अनुपस्थित पाए गए थे। उस समय उन्हें सख्त हिदायत देकर छोड़ दिया गया था, लेकिन बार-बार सामने आ रही लापरवाही के बाद अब स्वास्थ्य विभाग सख्त कार्रवाई के मूड में दिखाई दे रहा है।
सीएमओ की इस कार्रवाई के बाद जिले के अन्य सरकारी अस्पतालों में भी हड़कंप का माहौल है और कर्मचारियों में समय से ड्यूटी पर पहुंचने को लेकर सतर्कता बढ़ गई है।
