खनन माफिया का खुला खेल! अधिकारियों की मिलीभगत से फर्रुखाबाद में बर्बाद हो रहे खेत
फर्रुखाबाद। जनपद फर्रुखाबाद में अवैध मिट्टी खनन का काला खेल चरम पर है। आरोप है कि खनन अधिकारी और स्थानीय पुलिस की कथित मिलीभगत से खनन माफिया बेखौफ होकर बड़े पैमाने पर अवैध खनन कर रहे हैं।
मामला कम्पिल थाना क्षेत्र के पुरौरी गांव का है, जहां जेसीबी मशीनों और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से रात-दिन मिट्टी का खनन किया जा रहा है। कई घन मीटर मिट्टी निकालकर उपजाऊ खेतों को तालाब में तब्दील किया जा रहा है।
खेत बने तालाब, किसानों की बढ़ी चिंता
ग्रामीणों का आरोप है कि खनन माफिया खेतों की उपजाऊ जमीन को खोदकर गहरे गड्ढों में बदल रहे हैं। इससे कृषि भूमि बर्बाद हो रही है और आने वाले समय में खेती पर गंभीर संकट खड़ा हो सकता है।
बंबा पाटकर बंद किया सिंचाई का रास्ता
सबसे गंभीर बात यह है कि किसानों की सिंचाई के लिए छोड़े जाने वाले बंबा (नहर) को भी मिट्टी डालकर बंद कर दिया गया है। इससे फसलों तक पानी पहुंचना बंद हो गया है और किसानों में भारी आक्रोश है।
शिकायतों के बावजूद कार्रवाई क्यों नहीं?
ग्रामीणों का कहना है कि कई बार शिकायतें की गईं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। आरोप है कि खनन अधिकारी और पुलिस की कथित सांठगांठ के कारण अवैध खनन पर रोक नहीं लग पा रही है।
पर्यावरण और कृषि दोनों पर खतरा
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह का अवैध खनन न सिर्फ कृषि भूमि को बर्बाद करता है, बल्कि पर्यावरणीय संतुलन को भी नुकसान पहुंचाता है।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस भ्रष्टाचार और अवैध खनन के खेल पर कब तक लगाम लगाता है।
