रिपोर्ट सुधीर सिंह
कायमगंज |
किसान यूनियन के पदाधिकारियों ने आज मोहल्ला जवाहरगंज स्थित मुन्नालाल सक्सेना के आवास पर एक आवश्यक बैठक की। बैठक में नगर की बदहाल विद्युत व्यवस्था, लगातार हो रही अघोषित कटौती और बिजली विभाग में व्याप्त कथित भ्रष्टाचार को लेकर गहरा रोष व्यक्त किया गया।
भ्रष्टाचार और महंगाई पर बरसे पदाधिकारी
बैठक को संबोधित करते हुए पदाधिकारियों ने तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि आज देश में भ्रष्टाचार अपनी चरम सीमा पर है। नीट (NEET) पेपर लीक का मामला हो या आसमान छूती महंगाई, हर तरफ आम जनमानस त्रस्त है। देश में जगह-जगह हो रहे विरोध-प्रदर्शनों के बीच आम जनता खुद को असहाय महसूस कर रही है। इसके साथ ही, डीजल, पेट्रोल और रसोई गैस के लगातार बढ़ते दामों ने आम आदमी की कमर तोड़ दी है। फसलों का वाजिब मूल्य न मिलने के कारण किसान पहले से ही भारी आर्थिक संकट से जूझ रहा है, ऊपर से बिजली कटौती का कोई समय निर्धारित न होने से स्थिति और बदतर हो गई है।
लाखों रुपये की वसूली का गंभीर आरोप
किसान नेता मुन्नालाल सक्सेना ने स्थानीय विद्युत विभाग पर भ्रष्टाचार के बेहद गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि कायमगंज नगर में बिजली विभाग में भ्रष्टाचार चरम पर है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग के एक्सईएन (XEN) शिवशंकर, एसडीओ (SDO) विनोद कुमार और खासकर जेई (JE) जावेद अहमद भ्रष्टाचार के मामलों में पूरी तरह लिप्त हैं। नगर के कई ट्रांसफार्मर (जैसे लालकुंआ, नई बस्ती और गंगा दरवाजा) को नियम विरुद्ध तरीके से इधर से उधर स्थानांतरित कर दिया गया है। इस हेरफेर के बदले संबंधित आराजी स्वामियों से लाखों रुपये की अवैध वसूली की गई है।
अधिकारियों को हटाने की मांग, आंदोलन की चेतावनी
यूनियन के पदाधिकारियों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरे एक्सईएन शिवशंकर, एसडीओ विनोद कुमार और जेई जावेद अहमद को तत्काल प्रभाव से उनके पदों से हटाया जाए।
पदाधिकारियों ने दो टूक चेतावनी देते हुए कहा कि यदि इन कथित भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ जल्द ही सख्त कार्रवाई नहीं की गई, तो किसान यूनियन जिला स्तर पर उग्र धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी जिलाधिकारी (DM) महोदया और स्थानीय प्रशासन की होगी।
