कायमगंज/फर्रुखाबाद।
रेलवे रोड पर रेलवे स्टेशन के समीप यात्रियों की सुविधा के लिए बनाए गए यात्री प्रतीक्षालय पर अतिक्रमण और बदहाली को लेकर प्रकाशित खबर का आखिरकार असर दिखाई दिया। मामला अधिकारियों के संज्ञान में पहुंचते ही तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इसके बाद नगर पालिका प्रशासन से बात कर प्रतीक्षालय को खाली कराया गया और यात्रियों के लिए सार्वजनिक सुविधा को दोबारा उपयोग योग्य बनाने की कार्रवाई शुरू हुई।
करीब तीन दशक पहले लायंस क्लब द्वारा यात्रियों की सुविधा के लिए बनवाए गए इस प्रतीक्षालय की स्थिति लंबे समय से सवालों के घेरे में थी। जिस जगह पर यात्रियों को बैठकर बस, ट्रेन अथवा अन्य साधनों का इंतजार करना चाहिए था, वहां ठेले-खोमचे और अस्थायी कब्जों ने अपना डेरा जमा रखा था। यात्रियों को मजबूरी में सड़क किनारे खड़े होकर अपने साधन का इंतजार करना पड़ रहा था।
मामला सामने आने के बाद अधिकारी ने इसे गंभीरता से लेते हुए तत्काल नगर पालिका प्रशासन से वार्ता की। निर्देश मिलते ही संबंधित स्तर पर कार्रवाई शुरू हुई और प्रतीक्षालय को कब्जे से खाली कराया गया। कार्रवाई के बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली।
सड़क पर खड़े यात्री, प्रतीक्षालय पर कब्जा—खबर ने खोल दी व्यवस्था की पोल
रेलवे स्टेशन के पास स्थित इस प्रतीक्षालय के आसपास चाट-पकौड़ी, पूड़ी-सब्जी और अन्य खाद्य पदार्थों के ठेले लगे होने से यात्रियों के बैठने के साथ आवागमन की जगह भी प्रभावित थी। सार्वजनिक सुविधा के लिए बनाई गई जगह धीरे-धीरे अतिक्रमण की चपेट में आ गई थी। खबर प्रकाशित होने के बाद प्रशासनिक स्तर पर संज्ञान लिया गया और अब प्रतीक्षालय को खाली कराया गया है।
मूत्रालय की बदहाली पर भी उठे सवाल
प्रतीक्षालय के समीप नगर पालिका द्वारा बनवाए गए मूत्रालय की हालत भी लंबे समय से खराब बताई जा रही थी। गंदगी, सफाई व्यवस्था की कमी और छत पर उगी घास इसके रखरखाव की स्थिति बयां कर रही थी। स्थानीय लोगों का कहना है कि सार्वजनिक सुविधाओं की नियमित सफाई और देखरेख होने से ऐसी स्थिति पैदा ही न हो।
अधिकारी की सक्रियता से मिली राहत, अब नियमित निगरानी की जरूरत
प्रतीक्षालय खाली कराए जाने के बाद यात्रियों को सुविधा मिलने की उम्मीद जगी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल अतिक्रमण हटाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि यह भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि दोबारा यहां कब्जा न हो। साथ ही मूत्रालय की सफाई, मरम्मत और आसपास नियमित कूड़ा उठान की व्यवस्था भी जरूरी है।
करीब तीन दशक पहले यात्रियों की सुविधा के लिए बनाई गई यह जगह लंबे समय बाद फिर अपने मूल उद्देश्य की ओर लौटती नजर आ रही है। अब लोगों की नजर इस बात पर है कि नगर पालिका प्रशासन इस सार्वजनिक सुविधा की नियमित निगरानी और साफ-सफाई कितनी गंभीरता से करता है।

