फर्रुखाबाद/
बहुचर्चित अरुण हुड्डा हत्याकांड में फर्रुखाबाद पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। 26 जुलाई को इटावा-बरेली नेशनल हाईवे पर कादरीगेट थाना क्षेत्र में हुई गोलीकांड की वारदात के मुख्य साजिशकर्ता और 25 हजार रुपये के इनामी रोहित हुड्डा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक पूछताछ में हत्या के पीछे जमीन की बिक्री को लेकर पुरानी रंजिश सामने आई है।
जानकारी के अनुसार, फरीदाबाद (हरियाणा) निवासी अरुण हुड्डा की 26 जुलाई को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद मृतक की पत्नी की तहरीर पर रोहित हुड्डा समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। मामला गंभीर होने पर डीआईजी के निर्देश पर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पांच पुलिस टीमों का गठन किया गया।
जमीन के विवाद ने लिया खूनी रूप!
पुलिस की पूछताछ के अनुसार, रोहित हुड्डा प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करता है। करीब एक वर्ष पहले जमीन की बिक्री को लेकर उसका अरुण हुड्डा से विवाद हुआ था। पुलिस का दावा है कि इसी पुरानी रंजिश के चलते रोहित ने अरुण को रास्ते से हटाने की साजिश रची।
आरोप है कि रोहित ने अपने साथियों अमित, साहिल और अन्य लोगों को हथियार व रुपये उपलब्ध कराए और अरुण की रेकी तथा हत्या की योजना बनाई। मौका मिलने पर साहिल ने अरुण को गोली मार दी। वारदात के बाद आरोपी फरार हो गए थे।
चार आरोपी पुलिस की गिरफ्त में, दो की तलाश जारी
पुलिस के अनुसार हत्याकांड में अब तक कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इनमें मुख्य साजिशकर्ता रोहित हुड्डा के अलावा अन्य आरोपी तथा एक बाल अपचारी भी शामिल है। वहीं मामले में दो आरोपी अभी फरार बताए जा रहे हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।
SOG और सर्विलांस टीम ने कसी शिकंजे की पकड़
रोहित हुड्डा की गिरफ्तारी में कादरीगेट थाना पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई बताई गई है। पुलिस की लगातार निगरानी, सुरागरसी और दबिश के बाद 25 हजार के इनामी आरोपी तक टीम पहुंच सकी।
अरुण हुड्डा हत्याकांड में मुख्य साजिशकर्ता की गिरफ्तारी के बाद पुलिस को उम्मीद है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी से मामले से जुड़े अन्य पहलुओं का भी खुलासा हो सकता है। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।

