सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियों द्वारा उत्तर प्रदेश में ईंधन की निर्बाध आपूर्ति और पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित
Pib लखनऊ। तेल विपणन कंपनियों – इंडियन ऑयल, बीपीसीएल और एचपीसीएल (OMCs) की ओर से उपभोक्ताओं और आम जनता को आश्वस्त किया जाता है कि राज्य में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कोई कमी नहीं है। वर्तमान में कुछ चुनिंदा पेट्रोल पंपों पर देखी जा रही स्थिति पूरी तरह से स्थानीय और अस्थायी है, जो कि कुछ क्षेत्रों में स्थानीय मांग आपूर्ति के असंतुलन और बिक्री के बदलते पैटर्न के कारण पैदा हुई है।
कुछ चुनिंदा स्थानों पर ईंधन की मांग बढ़ने के मुख्य कारण निम्नलिखित हैं:
– वर्तमान में चल रहे फसलों की कटाई के सीजन के कारण डीजल की मांग में मौसमी बढ़ोतरी हुई है।
– कुछ निजी पेट्रोल पंपों पर कीमतें अपेक्षाकृत अधिक होने के कारण, ग्राहक अस्थायी रूप से सार्वजनिक क्षेत्र (PSU)
के पेट्रोल पंपों की ओर रुख कर रहे हैं।
– अंतरराष्ट्रीय बाजार की कीमतों के अनुरूप इस समय थोक (Bulk) और संस्थागत आपूर्ति की दरें काफी अधिक हैं।
इस वजह से संस्थागत और कमर्शियल खरीदार बड़ी मात्रा में सार्वजनिक क्षेत्र के पेट्रोल पंपों की ओर आकर्षित हो
रहे हैं।
यह विशेष रूप से उल्लेखनीय है कि 1 से 28 मई 2026 की अवधि के दौरान, पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में ईंधन की बिक्री में भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसमें पेट्रोल की बिक्री में 7.1% और डीजल की बिक्री में लगभग 7.7 % की वृद्धि हुई है। मांग में इस निरंतर और अप्रत्याशित बढ़ोतरी के बावजूद, उपभोक्ताओं की जरूरतों को लगातार और सुचारू रूप से पूरा
किया जा रहा है।
यह स्पष्ट किया जाता है कि आपूर्ति में देरी के ऐसे मामले प्रदेश में हमारे विशाल नेटवर्क 12,331 में से केवल बहुत कम संख्या वाले पेट्रोल पंपों तक ही सीमित हैं। अधिकांश पेट्रोल पंपों पर स्टॉक और आपूर्ति पूरी तरह से सामान्य और पर्याप्त बनी हुई है। सभी तेल विपणन कंपनियाँ (OMCs) उत्तर प्रदेश में पेट्रोल-डीजल और एलपीजी का पर्याप्त स्टॉक और सप्लाई बनाए हुए हैं।
स्थिति पर लगातार पैनी नजर रखी जा रही है और इन कुछ स्थानीय प्रभावित क्षेत्रों में भी बिना किसी रुकावट के ईंधन की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। हम राज्य में ईंधन की निर्बाध उपलब्धता बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं और उपभोक्ताओं से अनुरोध करते हैं कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और अनावश्यक रूप से घबराकर ईंधन की खरीदारी न करें। उपभोक्ताओं से यह भी अनुरोध है कि वे ईंधन की उपलब्धता से संबंधित सटीक जानकारी के लिए केवल अधिकृत एजेंसियों और तेल विपणन कंपनियों द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें।
