कायमगंज/फर्रुखाबाद।

जिले में आयोजित विशाल स्वैच्छिक रक्तदान शिविर ने सेवा, समर्पण और मानवता की एक नई मिसाल कायम कर दी। अंतरराष्ट्रीय वैश्य महासम्मेलन के तत्वावधान में आयोजित इस जनकल्याणकारी अभियान में युवाओं, महिलाओं और समाजसेवियों ने बढ़-चढ़कर भाग लेते हुए कुल 225 यूनिट रक्तदान कर नया इतिहास रच दिया। रक्तदाताओं के इस उत्साह ने यह संदेश दिया कि यदि समाज जागरूक हो जाए तो खून की कमी के कारण किसी भी मरीज की जान नहीं जाएगी।
शिविर में सुबह से ही रक्तदान करने वालों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। युवाओं में रक्तदान को लेकर विशेष उत्साह नजर आया। शहर ही नहीं, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में लोग स्वेच्छा से रक्तदान करने पहुंचे। पूरे दिन सेवा और मानवता का यह कारवां चलता रहा तथा रक्तदाताओं के चेहरे पर जरूरतमंदों की मदद करने का संतोष साफ दिखाई दे रहा था।

आयोजकों ने बताया कि पिछले वर्षों की तुलना में इस बार लोगों की सहभागिता कई गुना अधिक रही। रक्त संग्रह की पूरी प्रक्रिया चिकित्सकों और विशेषज्ञों की निगरानी में सुरक्षा मानकों के अनुसार संपन्न कराई गई। रक्तदाताओं को प्रमाण-पत्र और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया, जिससे उनमें समाज सेवा के प्रति और अधिक उत्साह दिखाई दिया।
कार्यक्रम में मौजूद वक्ताओं ने कहा कि रक्तदान सबसे बड़ा महादान है। एक यूनिट रक्त तीन लोगों तक को नया जीवन दे सकता है। सड़क दुर्घटनाओं में घायल मरीजों, प्रसव के दौरान महिलाओं, थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों, कैंसर और गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीजों के लिए रक्त किसी संजीवनी से कम नहीं है। ऐसे में हर स्वस्थ व्यक्ति को समय-समय पर रक्तदान के लिए आगे आना चाहिए।
विशेषज्ञों ने यह भी बताया कि रक्तदान से शरीर पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता, बल्कि नियमित अंतराल पर रक्तदान करना स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी माना जाता है। समाज के सक्षम लोगों को इस पुनीत कार्य में बढ़-चढ़कर भाग लेना चाहिए ताकि किसी परिवार का चिराग केवल रक्त की कमी के कारण बुझने न पाए।
शिविर में समाजसेवियों, चिकित्सकों, विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों और गणमान्य नागरिकों ने रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया। सभी ने संकल्प लिया कि भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी अभियान लगातार चलाए जाएंगे, ताकि मानवता और सेवा की यह मशाल हमेशा जलती रहे।
“आपका कुछ मिनट का समय और एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद को नई जिंदगी दे सकता है। आइए, रक्तदान कर मानवता की इस मुहिम का हिस्सा बनें।”
