फर्रुखाबाद/
जिले में सुरक्षित एवं संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। सीएमओ डॉ. आनंद उपाध्याय के निर्देशन में स्वास्थ्य इकाइयों पर प्रसव सेवाओं को मजबूत करने के साथ गर्भवती महिलाओं को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों पर सुरक्षित प्रसव की सुविधा उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।अप्रैल से सितंबर 2026 तक जिले में कुल 20,740 प्रसव दर्ज किए गए। इनमें अप्रैल में 2,175, मई में 3,138, जून में 3,367, जुलाई में 3,596, अगस्त में 4,133 तथा सितंबर में 4,331 प्रसव हुए।छह माह की अवधि में जिला महिला चिकित्सालय में 1,752, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में 7,416, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में 853 तथा उपकेंद्रों पर 784 प्रसव दर्ज किए गए। इन सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों को मिलाकर कुल 10,805 प्रसव हुए। वहीं निजी प्रसव केंद्रों में 9,935 प्रसव दर्ज किए गए।आंकड़ों के अनुसार अगस्त में 4,133 और सितंबर में 4,331 प्रसव हुए, जिससे सितंबर में छह माह की अवधि का सर्वाधिक मासिक प्रसव आंकड़ा दर्ज हुआ। स्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रसव सेवाओं के विस्तार के लिए 41 एएनएम एवं स्टाफ नर्सों को प्रशिक्षण भी दिया गया है तथा प्रशिक्षण के बाद 16 डिलीवरी प्वाइंट पर प्रसव सेवाएं शुरू की गई हैं।शहरी क्षेत्र में नवदिया केंद्र पर प्रसव सेवा शुरू हो चुकी है और अन्य चिन्हित स्वास्थ्य केंद्रों पर भी प्रसव सेवाओं को विस्तार देने की प्रक्रिया जारी है।सीएमओ डॉ. आनंद उपाध्याय ने कहा कि संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने के साथ प्रत्येक प्रसव केंद्र पर आवश्यक संसाधन एवं स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने पर विभाग का विशेष फोकस है।

