परिवार परामर्श केंद्र की पहल: टूटने की कगार पर पहुंचे दो परिवार फिर से हुए एक
एटा। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. इलामारन के निर्देशन में महिला थाना कैंपस स्थित नारी उत्थान केंद्र भवन में संचालित परिवार परामर्श केंद्र में आज दो टूटते हुए परिवारों को काउंसलिंग के माध्यम से फिर से जोड़ा गया।
परामर्श सत्र के दौरान दोनों पक्षों को आपसी संवाद, समझ और धैर्य का महत्व समझाया गया। काउंसलिंग के बाद दोनों परिवारों ने अपनी पिछली गलतियों को स्वीकार करते हुए एक साथ रहने का निर्णय लिया।
पहले मामले में वादी निशा (पुत्री मनोज कुमार, निवासी प्वांस, थाना देहात, एटा) और प्रतिवादी अर्जुन (पुत्र टीकम सिंह, निवासी कठोला, थाना कोतवाली देहात, एटा) के बीच चल रहे विवाद का समाधान कराया गया।
वहीं दूसरे मामले में वादी तबसुम (पत्नी रिहान, निवासी कटिया, थाना कमपिल, जिला फर्रुखाबाद) और प्रतिवादी रिहान अली (पुत्र फारुख अली, निवासी मोहल्ला काज़ी, थाना अलीगंज, एटा) को समझाकर पुनः साथ रहने के लिए राजी किया गया।
इस अवसर पर काउंसलर पीएलवी रिचा यादव, डॉ. आर.पी. आर्य, डॉ. मुकुल देव तथा पुलिस स्टाफ से प्रभारी निरीक्षक ब्रह्मवती, महिला हेड कांस्टेबल प्रीति शर्मा, महिला कांस्टेबल विनेश चौधरी और रजनी रानी उपस्थित रहे।
परिवार परामर्श केंद्र की इस पहल से न केवल दो परिवार टूटने से बच गए, बल्कि समाज में आपसी समझ और संवाद के महत्व का भी सकारात्मक संदेश गया।
